The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine || सबसे रहस्‍यमयी बॉलीवुड अभिनेत्री जैस्मिन

Please follow and like us:
0
20
Pin Share20

The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine || सबसे रहस्‍यमयी बॉलीवुड अभिनेत्री जैस्मिन || Nobody Knows Even Her Real Name

The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine || सबसे रहस्‍यमयी बॉलीवुड अभिनेत्री जैस्मिन || Nobody Knows Even Her Real Name

The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine


वो बला की खूबसूरत थी और करोड़ों लोग उसकी खूबसूरती पर फिदा थे। जब वह अपने लुभावने अंदाज में पर्दे पर आयी तो सभी लोग उनकी ओर आकर्षित हुए। पर जब वो अपने डरावने अंदाज वाले करेक्‍टर में सबके सामने आयीं तो उनके चाहने वालों की तो लाइन ही लग गयी।

जैस्मिन के तौर पर पर्दे पर उतरी इस एक्‍ट्रैस ने वैसे तो गिनती की ही फिलमें कीं पर सबसे खास बात तो यह थी कि अपनी हर एक अगली फिल्‍म के साथ वह और भी खूबसूरत दिखने लगती थीं। परंतु इस अदाकारा के जीवन के कुछ अनजाने रहस्‍य ऐसे भी हैं जिन्‍हें आज तक कोई भी सुलझा नहीं पाया है।

यह अदाकारा अचानक कहां गायब हो गयी इस बारे में तो कोई भी नहीं जानता है। इस अदाकारा का असली नाम तक किसी को पता नहीं चल पाया था। तो दोस्‍तो इस ब्‍लॉग पोस्‍ट में हम जेस्मिन के हर उस राज से पर्दा उठायेंगे जो कि अभी तक किसी को भी नहीं पता चल पाये।

वह साल था 1979 और डिरेक्‍टर कोठारी ने अपनी फिल्‍म के लिये हीरो के तौर पर उस दौर के मशहूर अभिनेता विनोद खन्‍ना को साइन किया था। वो फिल्‍म कोई और नहीं बल्कि सरकारी मेहमान थी।


The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine
The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine

कोठारी इससे पहले भी तीन फिल्‍में बना चुके थे जिनके नाम थे 1969 की बद्रीनाथ यात्रा, 1972 की नागपंचमी, और 1974 में आयी खोटे सिक्‍के। इन तीनों फिल्‍मों में खोटे सिक्‍के ही उनकी इकलौती ड्रामा फिल्‍म थी जो कि मार-धाड़ और एक्‍शन से भरपूर थी।

फिरोज खान, सुल्‍ताना, डैनीडैनी, अल्‍का, रंजीत और अजीत जैसे कलाकारो से सजी यह फिल्‍म सुपरहिट हुई थी। इसी फिल्‍म की सफलता के बाद ही कोठारी साहब ने सरकारी मेहमान फिल्‍म बनाने और उसे खुद ही निर्देशित करने का फैसला भी किया।

और इतने में ही उनकी मुलाकात होती है एक बेहद ही खूबसूरत लड़की जैस्मिन से। वैसे तो जैस्मिन एक ऐसे परिवार से ताल्‍लुक रखती थीं जिसका फिल्‍मों से दूर-दूर तक कोई भी कैसा भी संबंध नहीं था परंतु इसके बावजूद भी कोठारी साहब ने जैस्मिन को हीरोइन बनाने का फैसला किया।

फिल्‍म रिलीज हुई 1979 में बाली उम्र और छरहरी काया वाली अभिनेत्री के साथ। जैस्मिन पर कई गाने फिल्‍माये गये थे जिन्‍हें बेहद सुखद संगीत से सजाया गया था।

Best Golden Necklace Set For Women and Girls


नयी अदाकारा होने के बावजूद भी जैस्मिन ने काफी उम्‍दा काम किया परंतु फिर भी फिल्‍म सुपर हिट तो नहीं बन पायी और इस सबका दोष मड़ दिया गया बेचारी जैस्मिन पर। फिर किसी और डिरेक्‍टर ने उन्‍हें या तो काम नहीं दिया या फिर उन्‍होंने खुद ही कोई काम नहीं किया यह तो बताना मुश्किल ही है।

चार साल बाद डिरेक्‍टर एन डी कोठारी ने एक बार फिर से अपनी फिल्‍म में जैस्मिन को बतौर अभिनेत्री लांच किया और इस फिल्‍म का नाम था Divorce । 1985 में रिलीज हुई यह फिल्‍म एक रोमांटिक ड्रामा थी इसके मुख्‍य अभिनेता थे गिरीश और मुख्‍य अभिनेत्री थीं शर्मिला टैगोर।

जैस्मिन को सह कलाकार घटगे विजय के साथ उतारा गया था और उन्‍होंने कमाल की एक्टिंग भी की थी। इस फिल्‍म में जैस्मिन ने एक भोली भाली लड़की का किरदार निभाया था। हालांकि लोगों ने उनके किरदार को ज्‍यादा नोटिस तो नहीं किया परंतु एक्‍टर विजेन्‍द्र से उनकी अच्‍छी दोस्‍ती तो हो ही गयी थी।

विजेन्‍द्र से मित्रता के कारण ही जैस्मिन की मुलाकात रामसे ब्रदर्स से हुई। वे 1984 में आयी रामसे ब्रदर्स की फिल्‍म गेस्‍ट हाउस में पहले ही काम कर चुके थे। रामसे ब्रदर्स 1985 में अपनी आने वाली फिल्‍म पर विजेन्‍द्र से चर्चा भी कर रहे थे।


तो विजेन्‍द्र ने यहां पर बतौर अदाकारा जैस्मिन का नाम सुझाया और यह फिल्‍म रामसे ब्रदर्स में से एक श्‍याम रामसे के साथ हुई एक सच्‍ची घटना पर आधारित थी।

दरअसल रामसे ब्रदर्स की एक खासियत थी कि वे अपनी फिल्‍मों की शूटिंग महाबलेश्‍वर के आस-पास ही करते थे। कहते हैं कि एक बार जब श्‍याम रामसे शूटिंग के लिये जा रहे थे तो रास्‍ते में उनके साथ एक अजीब सा अहसास हुआ।

घने कोहरे के बीच पहाड़ों की ओर से उन्‍हें अपनी ओर एक बेहद खूबसूरत लड़की आती हुई दिखायी दी। उस लड़की के चेहरे पर एक अजीब सी मगर एक बेहद रहस्‍यमयी मुस्‍कान थी। उसकी आंखें बड़ी-बड़ी थीं। वह बहुत ही खूबसूरत लग रही थी।

परंतु इस वीराने में उसका होना किसी बड़े रहस्‍य की ओर इशारा कर रहा था। हालांकि श्‍याम रामसे ने उस समय इतना साहस तो नहीं किया कि उस लड़की के पास रुक कर थोड़ी सी बात कर ली जाये पर इस घटना को उन्‍होंने पर्दे पर उतारने का निर्णय ले लिया।

वीराना फिल्‍म की पूरी कहानी उसी लड़की के इर्द-गिर्द घूमती दिखायी गयी और इस फिल्‍म में उस रहस्‍यमयी लड़की को एक चुड़ैल में बदलते दिखाया गया। तो अब रामसे ब्रदर्स को जरूरत थी एक ऐसी खूबसूरत लड़की की जिसकी आंखें बेहद खूबसूरत हों और वह उसी कद काठी की हो जिसे श्‍याम रामसे ने देखा था।


जैस्मिन भी 4-5 वर्षों में काफी बदल गयी थी और खूबसूरत तो वह थी ही तो इसीलिये रामसे ब्रदर्स की वह पहली पसंद बन गयी थी। रामसे ब्रदर्स ने उसे सलाह दी कि वह अपना वजन थोड़ा सा और बढ़ा ले ताकि वह फिल्‍म के किरदार निभाने के लिये और भी अधिक सेक्‍सी और बोल्‍ड नजर आये। जैस्मिन ने वैसा ही किया।

एक्‍टर विजेन्‍द्र भी इस फिल्‍म में महत्‍वपूर्ण भूमिका में थे। हालांकि लीड रोल में थे एक्‍टर हेमंत। कहानी की डिमांड के मुताबिक उस हीरोइन को जम कर एक्‍सपोज करना था। इधर जैस्मिन को भी अब यह समझ में आ गया था कि अगर फिल्‍मों में धाक जमानी है तो उसे ग्‍लैमरस किरदार अपनाने होंगे।

जैस्मिन ने वीराना फिल्‍म साइन कर ली और अपनी कहानी की जरूरत के अनुसार वजन बढ़ाया और कई बोल्‍ड सीन्‍स शूट करवा डाले। अब चाहे वह बेडरूम सीन हो या बाथरूम सीन हो, जहां-जहां जैसी जरूरत पड़ी उसने वैसे ही जमकर एक्‍सपोज भी किया जो कि उस समय की फिल्‍मों में उतना देखने को मिलता भी नहीं था।

जैसे ही फिल्‍म रिलीज हुई तो हर तरफ हंगामा मच गया। बॉक्‍स ऑफिस पर तो पैसे की बारिश होने लगी। खूबसूरत चेहरे और हॉट बॉडी की वजह से जैस्मिन हर किसी के दिल पर राज करने लगी।


इतना ही नहीं, फिल्‍म वीराना के बाद जैस्मिन को हिंदी फिल्‍मों की सबसे खूबसूरत चुड़ैल का टाइटल भी मिल गया था। इसके बाद जैस्मिन बॉलीवुड पर राज ही करने लगी।

लेकिन एक दिन जैस्मिन की खूबसूरती के प्रशंसक ने उसे एक फोन किया और इस फोन कॉल के बाद तो वह इतना डर गयी कि उसने अपने घर से निकलना तक बंद कर दिया। यह फोन कोई साधारण आदमी नहीं कर रहा था बल्कि एक अंडरवर्ल्‍ड डॉन का था।

उस जमाने का हर बंदा उस डॉन से परिचित था। वह जैस्मिन को पाने के लिये किसी भी हद तक जाने के लिये तैयार था। कहते हैं कि उस डॉन के डर के कारण जैस्मिन ने रातों-रात भारत छोड़ दिया और अमेरिका में बस गयीं।

वहां पर जैस्मिन गुमनामी का जीवन जीने के लिये मजबूर हो गयीं थीं। वहीं कुछ लोग यह भी कहते हैं कि जैस्मिन, जॉर्डन चली गयीं और वहां जाकर योग सिखाने लग गयीं। लेकिन श्‍याम रामसे ने यह कहकर यह सनसनी फैला दी थी कि जैस्मिन, भारत में ही है और अगले साल वह वीराना पार्ट 2 में नजर आने वाली हैं।

पर कुदरत को तो कुछ और ही मंजूर था और श्‍याम रामसे का जल्‍द ही निधन हो गया। जेस्मिन के फैन्‍स का इंतजार अधूरा ही रह गया। कहते हैं कि इस हीरोइन का असली नाम जैस्मिन तो था ही नहीं।


उसने वीराना फिल्‍म में भी अपना नाम जैस्मिन ही बताया जबकि यह तो उसका नाम था ही नहीं। अपनी पहली फिल्‍म के क्रेडिट सीन में भी जैस्मिन ने अपना नाम जैस्मिन ही रखा था। इसी लिये यह रहस्‍य और भी गहराता जाता है।

कई लोग उसे पंजाबी भाटिया परिवार की पैदाइश मानते हैं। यह भी एक आश्‍चर्यजनक बात है कि जैस्मिन के परिवार का कोई भी सदस्‍य इस बारे जानकारी देने के लिये मौजूद नहीं है। जैस्मिन एक रहस्‍यमयी परी की तरह गायब हो गयी है।

तो दोस्‍तों यह पोस्‍ट और जानकारी आपको कैसी लगी यह हमें जरूर बतायें और अगर आपके पास जैस्मिन से जुड़ी कोई भी रोचक जानकारी हो तो नीचे कॉमेण्‍ट सेक्‍शन में अवश्‍य बतायें। अपने दोस्‍तों के साथ शेयर करना ना भूलें। धन्‍यवाद!


The Most Mysterious Heroine of Bollywood, Nobody Knows Her Real Name, drama series Indian, Bollywood history, The Most Mysterious Heroine of Bollywood Jasmine, The Most Mysterious Heroine of Bollywood, Nobody Knows Her Real Name

Please follow and like us:
0
20
Pin Share20

Add a Comment

Your email address will not be published.